उन्नाव जिला।
Unnao district
(District of Uttar Pradesh in India)
District Places Of Interest
उन्नाव जिले के प्रमुख स्थल:
उन्नाव जिला, उत्तर प्रदेश में स्थित एक महत्वपूर्ण जिला है, जो अपनी ऐतिहासिक और सांस्कृतिक विरासत के लिए जाना जाता है। यहां कई ऐसे स्थल हैं जो पर्यटकों को आकर्षित करते हैं।
1. बदरका हरबंस:
- यह गांव उन्नाव से लगभग 11 किलोमीटर दक्षिण में, अचलगंज के पास, उन्नाव-रायबरेली रोड से 3 किलोमीटर पश्चिम में स्थित है।
- इस गांव की स्थापना 1643 ईस्वी में राजा हरबंस ने की थी, जो शाहजहाँ के दरबार में एक अधिकारी थे। उन्हें सम्राट से परगना हरहा में 500 बीघा जमीन का अनुदान मिला था।
- उन्होंने यहां एक सुंदर घर बनाया था, जिसकी दीवारें लगभग 500 मीटर ऊंची चूना पत्थर के ब्लॉकों से बनी थीं। घर के ऊपर बुर्जदार दीवारें थीं, और प्रवेश द्वार पर लाल पत्थर के एक विस्तृत फ्रेम पर बारी-बारी से हंस और हाथी की जोड़ियां बनी थीं।
- यहां एक विशाल दर्शन-हॉल था, जिसके आधार पर नक्काशीदार खंभे थे। कहा जाता है कि आसिफ-उद-दौला ने लखनऊ में इमामबाड़ा बनाने के लिए इन खंभों का उपयोग किया था।
- राजा हरबंस द्वारा निर्मित घर अत्यंत मनोरम और विशाल था, और इसके निर्माण की मजबूती समय के हाथों से लड़ने के लिए बनाई गई थी।
2. बक्सर:
- यह गांव जिले का सबसे दक्षिणी गांव है, जो गंगा नदी के बाएं किनारे पर, दौंदिया खेड़ा से लगभग 5 किलोमीटर दक्षिण में और उन्नाव से 51 किलोमीटर दक्षिण-पूर्व में स्थित है।
- कहा जाता है कि इस स्थान का नाम संस्कृत शब्द "बकास्राम" से लिया गया है, जिसका अर्थ है "बाका का निवास स्थान"। बाका एक राक्षस था, जिसने वर्तमान गांव के स्थान पर एक शहर की स्थापना की थी।
- कहा जाता है कि वह यहां रहता था और उसने नागेश्वर नाथ महादेव का एक मंदिर बनवाया था। यह भी कहा जाता है कि लगभग 5000 साल पहले भगवान कृष्ण ने बाका को मार डाला था।
- ऐसा भी कहा जाता है कि राजा अभय चंद, एक बैस राजपूत ने इस स्थान पर विजय प्राप्त की और बकेश्वर महादेव के मंदिर के नाम पर इसका नामकरण किया और इसे अपनी राजधानी बनाया।
- दौंदिया खेड़ा के राजा राम बख्श सिंह, जिन्होंने 1857 में स्वतंत्रता संग्राम में सक्रिय भूमिका निभाई थी, उन्हें यहां एक मंदिर के ऊपर एक पेड़ पर लटका दिया गया था, जिसे अंग्रेजों ने उड़ा दिया था।
- गांव में आज भी मंदिर के खंडहर और कई टूटे हुए चित्र मिलते हैं।
- कार्तिक पूर्णिमा के दिन यहां एक स्नान मेला लगता है, जिसमें बड़ी संख्या में लोग शामिल होते हैं।
इसके अलावा, उन्नाव जिले में कई अन्य महत्वपूर्ण स्थल हैं, जैसे:
- संत निरंकारी मंदिर: संत निरंकारी मिशन का एक प्रमुख केंद्र है, जहाँ हर साल लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं।
- गंगा नदी: गंगा नदी जिले से होकर बहती है और धार्मिक पर्यटन का एक महत्वपूर्ण केंद्र है।
- हजरतगंज: एक महत्वपूर्ण व्यावसायिक केंद्र है, जहाँ कई दुकानें और बाजार हैं।
- दौंदिया खेड़ा: एक ऐतिहासिक स्थल है, जहाँ एक किला और एक मंदिर है।
- सिधौली: एक प्रसिद्ध कृषि केंद्र है, जहाँ कई फल और सब्जियां उगाई जाती हैं।
यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि यह जानकारी केवल कुछ प्रमुख स्थलों का संक्षिप्त विवरण है। उन्नाव जिले में कई अन्य ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और धार्मिक स्थल भी हैं जिन्हें आप अपने यात्रा कार्यक्रम में शामिल कर सकते हैं।